रामगढ़ (झारखंड) : रामगढ़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने रामगढ़ शहरी क्षेत्र की स्वतंत्रता-पूर्व निर्मित मुख्य ड्रेनेज (जल निकासी) प्रणाली के व्यापक नवीनीकरण एवं आधुनिकीकरण की मांग को लेकर प्रधानमंत्री को विस्तृत ज्ञापन प्रेषित किया है।
ज्ञापन में कहा गया है कि रामगढ़ (झारखंड) शहर की मुख्य ड्रेनेज व्यवस्था भारत की स्वतंत्रता से पूर्व निर्मित की गई थी। वर्तमान में बढ़ती जनसंख्या, नए आवासीय क्षेत्रों के विकास, व्यापारिक गतिविधियों के विस्तार तथा तेजी से हो रहे शहरीकरण के कारण यह व्यवस्था अपनी क्षमता से अधिक भार वहन कर रही है। इसके चलते वर्षा ऋतु में शहर के विभिन्न इलाकों में गंभीर जलभराव की समस्या उत्पन्न हो जाती है।
चैम्बर ने बताया कि जलभराव के कारण आम नागरिकों, विद्यार्थियों, व्यापारियों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा गंदे पानी के जमाव से संक्रामक रोग फैलने की आशंका बनी रहती है, जिससे जनस्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि रामगढ़ जिला मुख्यालय होने के साथ-साथ औद्योगिक, व्यापारिक और सैन्य दृष्टि से भी महत्वपूर्ण क्षेत्र है। ऐसे में शहर की आधारभूत शहरी सुविधाओं को आधुनिक एवं सुदृढ़ बनाना आवश्यक है।
रामगढ़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने प्रधानमंत्री से अनुरोध किया है कि शहर की मुख्य ड्रेनेज प्रणाली का तकनीकी सर्वेक्षण कराकर उसके नवीनीकरण, विस्तार एवं आधुनिकीकरण के लिए आवश्यक वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की जाए। साथ ही संबंधित मंत्रालयों एवं एजेंसियों को प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया जाए।
चैम्बर का मानना है कि इस जनहितकारी मांग पर सकारात्मक पहल होने से रामगढ़ (झारखंड) के लाखों नागरिकों को जलभराव और स्वच्छता संबंधी समस्याओं से स्थायी राहत मिलेगी तथा शहर के समग्र विकास को नई गति प्राप्त होगी।
ज्ञापन की जानकारी रामगढ़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के मानद सचिव मनोज चतुर्वेदी द्वारा जारी की गई।