दुमका / हज़ारीबाग़ (झारखंड) : दुमका जिले के रानीश्वर प्रखंड स्थित मसानजोर में सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन में ठहरे एक सरकारी चिकित्सक की शनिवार सुबह संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव कमरे के बिस्तर पर मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, प्रारंभिक जांच के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। फिलहाल मौत के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है।
मृतक की पहचान 48 वर्षीय डॉ. शशि दिनकर मिंज के रूप में हुई है। वे रांची के बरियातू क्षेत्र के निवासी थे और वर्तमान में हजारीबाग सदर अस्पताल में चिकित्सक के पद पर कार्यरत थे। उनकी पत्नी भी चिकित्सक हैं और जमशेदपुर में सेवाएं दे रही हैं। परिवार में उनकी दो बेटियां भी हैं।
पुलिस के अनुसार डॉ. मिंज अपने तीन परिचितों के साथ शुक्रवार को घूमने के उद्देश्य से मसानजोर पहुंचे थे। सभी ने सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन में दो कमरे लिए थे। शनिवार सुबह काफी देर तक डॉ. मिंज के कमरे से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर उनके साथियों ने जाकर देखा तो वे बिस्तर पर अचेत पड़े थे। तत्काल स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई।
मसानजोर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय चिकित्सक से जांच कराई, जिसमें उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। इसके बाद पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए दुमका भेज दिया तथा परिजनों को घटना की जानकारी दी।
प्रारंभिक पूछताछ में साथ आए लोगों ने पुलिस को बताया कि शुक्रवार रात सभी ने साथ समय बिताया था और देर रात अपने-अपने कमरों में सोने चले गए थे। सुबह डॉ. मिंज के नहीं उठने पर घटना का पता चला।
पुलिस का कहना है कि फिलहाल मौत के कारणों को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि चिकित्सक की मृत्यु किन परिस्थितियों में हुई। मामले की जांच जारी है।