रामगढ़, झारखंड : जिले में प्रस्तावित महत्वपूर्ण विकास एवं जनसुविधा से जुड़ी परियोजनाओं को गति देने के लिए उपायुक्त रामगढ़ श्री ऋतुराज ने बुधवार को विभिन्न प्रखंडों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने कई परियोजनाओं के लिए चिह्नित भूमि और निर्माण स्थलों का निरीक्षण कर स्थल की स्थिति, भूमि की उपलब्धता, पहुंच मार्ग, सीमांकन और अन्य जरूरी सुविधाओं की जानकारी ली।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजनाओं से जुड़ी प्रारंभिक प्रक्रियाएं समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं, ताकि निर्माण कार्य शुरू होने में किसी तरह की अड़चन न आए।
गोला में मेडिकल कॉलेज की जमीन का निरीक्षण
दौरे की शुरुआत गोला प्रखंड के चाड़ी पंचायत अंतर्गत घासी केनके क्षेत्र से हुई, जहां प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज के लिए भूमि चिह्नित की गई है। उपायुक्त ने मौके पर पहुंचकर जमीन की भौगोलिक स्थिति, उपलब्ध क्षेत्रफल और परियोजना के लिहाज से जरूरी सुविधाओं का आकलन किया।
उन्होंने अधिकारियों को स्थल तक बेहतर आवागमन के लिए पहुंच पथ समेत आवश्यक आधारभूत सुविधाओं की दिशा में कार्रवाई तेज करने को कहा। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि मेडिकल कॉलेज जैसी बड़ी परियोजना के लिए जमीन और अन्य बुनियादी व्यवस्थाओं से संबंधित सभी तैयारियां पहले से पूरी रहनी चाहिए।
भुचुंगडीह में प्रस्तावित सीएचसी स्थल की जांच
इसके बाद उपायुक्त चितरपुर प्रखंड के भुचुंगडीह पंचायत पहुंचे। यहां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण के लिए प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया गया। उन्होंने भूमि की स्थिति और उपलब्धता की जानकारी संबंधित अधिकारियों से ली।
उपायुक्त ने जमीन का नियमानुसार डीमार्केशन कराने का निर्देश दिया, ताकि निर्माण के लिए निर्धारित क्षेत्र की स्पष्ट पहचान हो सके। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ जरूरी प्रक्रियाएं जल्द पूरी करने को कहा।
चितरपुर-रजरप्पा मार्ग पर वे-साइड एमेनिटीज का भी जायजा
चितरपुर-रजरप्पा मुख्य सड़क पर प्रस्तावित Way-Side Amenities के लिए चिह्नित स्थल का भी उपायुक्त ने निरीक्षण किया। उन्होंने सड़क से स्थल की कनेक्टिविटी, पहुंच और यात्रियों एवं आम लोगों के लिए प्रस्तावित सुविधाओं की उपयोगिता को लेकर जानकारी ली।
उन्होंने अधिकारियों को परियोजना से संबंधित प्रक्रियाओं में तेजी लाने तथा भविष्य में आम लोगों को बेहतर सुविधा मिले, इसे ध्यान में रखते हुए स्थल के समुचित उपयोग की दिशा में कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
आवासीय विद्यालय में पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश
दौरे के दौरान उपायुक्त ने चितरपुर स्थित नवनिर्मित आवासीय विद्यालय का भी निरीक्षण किया। यहां पेयजल से संबंधित समस्या की जानकारी मिलने पर उन्होंने मौके पर स्थिति देखी और संबंधित अधिकारियों से समाधान की कार्ययोजना की जानकारी ली।
उन्होंने विद्यालय में पर्याप्त और नियमित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्य जल्द पूरा करने का निर्देश दिया। साथ ही विद्यालय संचालन से जुड़ी अन्य मूलभूत सुविधाओं को भी दुरुस्त करने को कहा, ताकि संस्थान को जल्द शुरू कर विद्यार्थियों को इसका लाभ दिया जा सके।
परियोजनाओं में देरी पर सख्ती
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिले में जनहित से जुड़ी परियोजनाओं के लिए चयनित भूमि से संबंधित सभी प्रक्रियाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि भूमि, सीमांकन, पहुंच मार्ग या अन्य किसी तकनीकी समस्या के कारण परियोजनाओं में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को स्थल संबंधी अड़चनों की समय रहते पहचान कर उनका समाधान करने और योजनाओं को तेजी से धरातल पर उतारने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान प्रभारी पदाधिकारी, गोपनीय शाखा श्री रविंद्र कुमार गुप्ता सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।