रामगढ़ कैंट, झारखंड : विजयादशमी एवं असत्य पर सत्य की विजय के प्रतीक दशहरा पर्व के अवसर पर रामगढ़ कैंट दशहरा समिति की ओर से स्थानीय छावनी फुटबॉल ग्राउंड में भव्य रावण दहन सह सांस्कृतिक भजन संध्या का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। भक्तिमय भजनों, आकर्षक आतिशबाजी और जय श्रीराम के गगनभेदी नारों से पूरा मैदान राममय हो गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष रंजन सिंह ने की, जबकि मंच संचालन रीना साह एवं स्वेक्षा चौधरी ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम के उद्घाटनकर्ता के रूप में रामगढ़ के पूर्व विधायक शंकर चौधरी उपस्थित हुए। मुख्य अतिथि के रूप में भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता रणंजय कुमार उर्फ कुंटू बाबू ने शिरकत की। विशिष्ट अतिथि के रूप में नंदकिशोर प्रसाद गुप्ता एवं भाजपा के प्रदेश मंत्री अमरदीप यादव मंच पर उपस्थित रहे।
भजन संध्या में भक्तिमय हुआ छावनी फुटबॉल ग्राउंड
कार्यक्रम की शुरुआत अपराह्न तीन बजे रंगारंग सांस्कृतिक भजन संध्या के साथ हुई। समिति की ओर से मुख्य मैदान में कलाकारों के लिए अलग मंच बनाया गया था। राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय स्तर के कलाकारों ने अपनी सुरीली आवाज और भक्तिमय प्रस्तुतियों से उपस्थित श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। भजनों की मधुर धुनों पर श्रोता झूमते और थिरकते नजर आए। संगीत और भक्ति के इस अनूठे संगम ने दशहरा उत्सव को विशेष बना दिया।
रंजन सिंह की पहल पर संस्थापक सदस्यों का सम्मान
इस वर्ष के आयोजन में दशहरा समिति के अध्यक्ष रंजन सिंह ने समिति की स्थापना में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले वरिष्ठ सदस्यों को सम्मानित कर सराहनीय पहल की। उन्होंने दलगत राजनीति और मतभेदों से ऊपर उठकर समिति के संस्थापक सदस्यों एवं संरक्षक सदस्यों को मंच पर आमंत्रित किया।
इस अवसर पर समिति के संस्थापक सदस्य, वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं प्रख्यात समाजसेवी अरुण कुमार सिन्हा तथा पूर्व वार्ड पार्षद सूरज प्रसाद सहित कई वरिष्ठ सदस्यों को अंगवस्त्र एवं स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस पहल को समिति की पुरानी परंपराओं, वरिष्ठजनों के सम्मान और सामाजिक एकजुटता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना गया।
अहंकार और नारी अपमान विनाश का कारण : शंकर चौधरी
उद्घाटनकर्ता एवं रामगढ़ के पूर्व विधायक शंकर चौधरी ने हजारों लोगों को संबोधित करते हुए दशहरा समिति के आयोजन की सराहना की। उन्होंने कहा कि दशहरा का पावन पर्व अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय का संदेश देता है। रावण अत्यंत विद्वान, शक्तिशाली और प्रतापी था, लेकिन उसका अत्यधिक अहंकार और नारी का अपमान उसके विनाश का कारण बना।
उन्होंने कहा कि यह प्रसंग युगों-युगों तक मानव समाज को संदेश देता रहेगा कि अहंकार और नारी का अनादर अंततः विनाश का मार्ग प्रशस्त करता है। सभी को इस पर्व से सीख लेकर सत्य, धर्म और सम्मान के मार्ग पर चलना चाहिए।
भजन संध्या के साथ रावण दहन का प्रयोग सराहनीय : रणंजय कुमार
मुख्य अतिथि भाजपा के वरिष्ठ नेता रणंजय कुमार उर्फ कुंटू बाबू ने उपस्थित लोगों को विजयादशमी की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि रामगढ़ में रावण दहन के साथ भव्य भजन संध्या का आयोजन अध्यक्ष रंजन सिंह की अभिनव और सराहनीय पहल है। इसी नई सोच और बेहतर व्यवस्था का परिणाम है कि छावनी फुटबॉल ग्राउंड में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और मैदान में तिल रखने तक की जगह नहीं बची।
उन्होंने लोगों से अधर्म का त्याग कर धर्म, सद्भाव और सामाजिक एकता के मार्ग पर चलने का आह्वान किया।
धर्म के प्रति लोगों की आस्था का प्रतीक है आयोजन : नंदकिशोर गुप्ता
विशिष्ट अतिथि एवं रामगढ़ के प्रतिष्ठित व्यवसायी नंदकिशोर प्रसाद गुप्ता ने श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक वर्ष बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति धर्म के प्रति उनकी गहरी आस्था को प्रदर्शित करती है। जनता का यह सहयोग समिति के सदस्यों को और अधिक उत्साह एवं तन्मयता के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित करता है।
संगीत के साथ रावण दहन का अनूठा आयोजन : अमरदीप यादव
विशिष्ट अतिथि एवं भाजपा के प्रदेश मंत्री अमरदीप यादव ने कहा कि वह पिछले तीन वर्षों से इस मैदान में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होते आ रहे हैं। इस वर्ष संगीत के साथ रावण दहन का नया और उत्कृष्ट आयोजन देखने को मिला, जो सराहनीय है। उन्होंने आयोजन के लिए समिति के अध्यक्ष एवं सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया।
आतिशबाजी और जय श्रीराम के नारों के बीच रावण दहन
कार्यक्रम के अंतिम चरण में आकर्षक आतिशबाजी और जय श्रीराम के गगनभेदी नारों के बीच रावण दहन किया गया। इसके साथ ही विजयादशमी का समारोह उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। अध्यक्ष रंजन सिंह ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों, पुलिस प्रशासन के पदाधिकारियों, मीडियाकर्मियों, समिति के पदाधिकारियों एवं रामगढ़ की जनता के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सभी के योगदान की सराहना की।
इनका रहा महत्वपूर्ण योगदान
आयोजन को सफल बनाने में समिति के अध्यक्ष रंजन सिंह के अलावा संरक्षक महेंद्र मुंडा, आजाद सिंह, अमित सिन्हा, राजेश सहाय, रवि गुप्ता, मुन्ना खटीक, महासचिव सत्यजीत चौधरी, दीपक मिश्रा, राजेश ठाकुर, शिवकुमार महतो, संजीव सिंह टीपू, कोषाध्यक्ष प्रदीप शर्मा, राजू राठौड़, उपाध्यक्ष बद्री विश्वकर्मा, ब्रजेश पाठक, मनोज सिंह, संतोष सिंह, मोजन ठाकुर, सतीश गुप्ता, सत्यनारायण राय, उमेश विश्वकर्मा, संजय अग्रवाल, तुलेश्वर पासवान, अयोध्या वर्मा, रवि अग्रवाल, सचिव तरुण साव, मणिशंकर ठाकुर, प्रेमकुमार रूबल, दीपक उर्फ मामा, अनूप, बंटी सहित अन्य सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
रामगढ़ कैंट दशहरा समिति का यह आयोजन धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा, सामाजिक एकता और वरिष्ठजनों के सम्मान का संदेश देते हुए संपन्न हुआ।