रामगढ़, झारखंड : आगामी दीपावली एवं छठ महापर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इस संबंध में उपायुक्त ऋतुराज और पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत की संयुक्त अध्यक्षता में जिला स्तरीय अधिकारियों, अंचल अधिकारियों एवं सभी थाना प्रभारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में सुरक्षा, स्वच्छता, चिकित्सा सुविधा और सुगम यातायात व्यवस्था को लेकर कई आवश्यक निर्देश दिए गए।
बैठक में उपायुक्त ने नगर परिषद क्षेत्र के सभी 38 वार्डों में पर्व को लेकर की जा रही तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने प्रमुख छठ घाटों, विशेषकर छावनी क्षेत्र के बड़े घाटों तक पहुंचने वाले रास्तों को युद्धस्तर पर दुरुस्त करने और श्रद्धालुओं के लिए व्यवस्थित पार्किंग की सुविधा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। सभी घाटों पर महिलाओं की सुविधा के लिए चेंजिंग रूम बनाने तथा शांति समितियों के साथ नियमित बैठक कर आपसी समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया।
स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर सिविल सर्जन को प्रमुख छठ घाटों एवं भीड़भाड़ वाले संवेदनशील क्षेत्रों में पर्याप्त मेडिकल टीम और एंबुलेंस तैनात करने का निर्देश दिया गया। वहीं, विधि-व्यवस्था की निगरानी के लिए अनुमंडल पदाधिकारी के नेतृत्व में जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष संचालित करने को कहा गया।
गहरे पानी वाले घाटों पर होगी विशेष निगरानी
पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जलाशयों एवं छठ घाटों पर बैरिकेडिंग कराने का निर्देश दिया। उन्होंने गहरे और जोखिम भरे स्थानों को स्पष्ट रूप से लाल निशान से चिह्नित करने तथा बड़े घाटों पर गोताखोरों की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में पुलिस गश्त तेज करने और यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने का निर्देश दिया। दीपावली के दौरान पटाखों के अवैध एवं अत्यधिक भंडारण पर रोक लगाने के साथ सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराने को भी कहा गया।
बैठक के अंत में जिला प्रशासन ने जिलेवासियों से दीपावली एवं छठ महापर्व को प्रेम, भाईचारे और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की। साथ ही लोगों से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों एवं सुरक्षा मानकों का पालन कर पर्व को सुरक्षित बनाने में सहयोग करने का आग्रह किया गया।
बैठक में वरीय पदाधिकारी, विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधि एवं संबंधित समितियों के सदस्य उपस्थित थे।