भुरकुंडा (रामगढ़), झारखंड : 30 जनवरी को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर आयोजित होने वाले वैश्य सद्भावना महासम्मेलन को सफल बनाने के उद्देश्य से झारखंड प्रदेश वैश्य मोर्चा की एक अहम रणनीतिक बैठक शुक्रवार को भुरकुंडा स्थित उत्सव मैरेज हॉल में आयोजित की गई। बैठक में संगठन के प्रदेश, जिला एवं प्रखंड स्तर के पदाधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय अध्यक्ष महेश्वर साहु ने की, जबकि संचालन प्रधान महासचिव बीरेंद्र कुमार ने किया। जिला प्रभारी सह उप प्रधान महासचिव अशोक गुप्ता बैठक में पर्यवेक्षक के रूप में उपस्थित रहे। इस दौरान तैयारी समिति, स्वागत समिति और प्रचार-प्रसार समिति के अध्यक्ष एवं सदस्य भी मौजूद थे।
28 जनवरी से प्रचार अभियान होगा तेज
बैठक में निर्णय लिया गया कि महासम्मेलन को लेकर 28 जनवरी से प्रचार वाहन निकाला जाएगा, जो आसपास के क्षेत्रों में भ्रमण कर जनसंपर्क अभियान को गति देगा। सभी सदस्यों को आगामी छह दिनों तक अपने-अपने क्षेत्रों में संपर्क अभियान चलाने, प्रचार सामग्री लगाने एवं वितरण की जिम्मेदारी सौंपी गई।
आगामी बैठक में दी जाएगी अंतिम रूपरेखा
बैठक में यह भी तय किया गया कि तैयारी समिति की अगली बैठक 28 जनवरी को आयोजित की जाएगी, जिसमें कार्यक्रम की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया जाएगा। सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों से आने वाले लोगों की संभावित संख्या की जानकारी भी साझा की।
शोभायात्रा में विशेष व्यवस्थाएं
बैठक में जानकारी दी गई कि राष्ट्रीय ध्वज के साथ चलने वाली शोभायात्रा में फौजी शिवराज पाटिल एवं पूर्व पुलिस अधिकारी विनोद कुमार भी शामिल रहेंगे। वहीं भुरकुंडा दुकानदार संघर्ष समिति के उपाध्यक्ष अजय कुमार गुप्ता, महासचिव सुरेश उपाध्याय और कोषाध्यक्ष दिलीप अग्रवाल ने बताया कि समिति की ओर से शोभायात्रा में शामिल लोगों के लिए मार्ग में जलपान और पेयजल की व्यवस्था की जाएगी, जिसमें ‘जी-16’ का भी सहयोग रहेगा। कई सदस्यों ने आर्थिक सहयोग देने की घोषणा भी की।
बड़ी संख्या में पदाधिकारी रहे मौजूद
बैठक में रामगढ़ जिलाध्यक्ष राजकुमार केशरी, हजारीबाग जिलाध्यक्ष महेंद्र प्रसाद साहु सहित राजाराम प्रसाद, श्रीनिवास अग्रवाल, मुकेशलाल सिंदूरिया, हरिदास साव, फौजी अमित साहु, कैलाश प्रसाद, अजय कुमार साहु, भुनेश्वर साव, जीवन गुप्ता, समाजसेवी बाचल गुप्ता, भरत केशरी, मद्धेश्वर केशरी, देवकुमार पंडित, प्रेम प्रकाश गुप्ता, संजय प्रसाद, मुरलीधर प्रसाद, रंजीत प्रसाद, उपेन्द्र शर्मा, महेश प्रसाद, अजय कुमार पप्पू, ललन शर्मा, संतु कुमार सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक के अंत में सभी ने एकजुट होकर वैश्य सद्भावना महासम्मेलन को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने का संकल्प लिया।