पतरातू (रामगढ़), झारखंड :पतरातू स्थित पीवीयूएनएल (पतरातू विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड) की तीसरी 800 मेगावाट बिजली उत्पादन इकाई को मार्च 2027 तक चालू करने का लक्ष्य रखा गया है। कंपनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) एके सहगल ने प्रेस वार्ता में बताया कि परियोजना का निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है और निर्धारित समयसीमा के भीतर यूनिट को उत्पादन से जोड़ने की तैयारी की जा रही है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में पीवीयूएनएल की दो इकाइयों से कुल 1600 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। पहले चरण के तहत तीन इकाइयों का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें पहली इकाई नवंबर 2025 और दूसरी इकाई जून 2026 में व्यावसायिक उत्पादन शुरू कर चुकी है। तीसरी यूनिट का निर्माण अंतिम चरण में है। वहीं, दूसरे चरण की दो अतिरिक्त इकाइयों के लिए आवश्यक स्वीकृतियां और निर्माण संबंधी प्रक्रियाएं जारी हैं।
सीईओ ने कहा कि परियोजना में स्थानीय युवाओं को रोजगार देना कंपनी की प्राथमिकता है। निर्माण अवधि में करीब आठ से नौ हजार लोगों को रोजगार मिला था। अब संयंत्र के संचालन और अनुरक्षण (ओएंडएम) कार्यों में भी रामगढ़ और झारखंड के स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर अवसर दिए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष छह सहकारी समितियों का गठन किया गया, जिनसे वर्तमान में 400 से 550 लोग जुड़े हैं। भविष्य में इन समितियों को प्लांट के विभिन्न कार्यों में शामिल किया जाएगा। साथ ही फ्लाई ऐश आधारित उत्पादों के निर्माण के जरिए स्वरोजगार को बढ़ावा देने की योजना पर भी काम हो रहा है। महिला सशक्तिकरण के तहत 30 गांवों की महिलाओं को फ्लाई ऐश से उपयोगी एवं सजावटी उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि उन्हें बाजार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाया जा सके।
सीईओ के अनुसार, विद्युत वितरण प्रणाली को मजबूत करने के लिए रामगढ़ क्षेत्र के 20 युवाओं को जमशेदपुर में चार माह का विशेष तकनीकी प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के दौरान 11 केवी ट्रांसफॉर्मर के रखरखाव और विद्युत सुरक्षा से जुड़े व्यावहारिक पहलुओं की जानकारी दी जा रही है, जिससे प्रशिक्षित युवा भविष्य में रोजगार और स्वरोजगार दोनों के अवसर प्राप्त कर सकें।
उन्होंने यह भी जानकारी दी कि अगले तीन माह के भीतर पीवीयूएनएल प्लांट गेट से पतरातू रेलवे गेट तक मुख्य सड़क पर सोलर हाईमास्ट एवं सोलर स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी, जिससे रात के समय आवागमन अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक होगा।
प्रेस वार्ता में ईडी (प्रोजेक्ट) अनुपम मुखर्जी, जीएम (ओएंडएम) मनीष खेत्रपाल, जियाउर रहमान, अमित रौतेला तथा सीएमओ शिप्रा रानी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।