रामगढ़ (झारखंड) : उपायुक्त ऋतुराज की अध्यक्षता में शनिवार को समाहरणालय सभाकक्ष में सीएसआर, डीएमएफटी (जिला खनिज प्रतिष्ठान न्यास) एवं अनाबद्ध निधि से संचालित विकास योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों एवं कार्यकारी एजेंसियों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई।
उपायुक्त ने सभी स्वीकृत एवं संचालित योजनाओं की अद्यतन स्थिति की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों एवं कार्यकारी एजेंसियों को लंबित कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अगली समीक्षा से पहले 50 प्रतिशत कार्य पूरा करने का निर्देश
बैठक में उपायुक्त ने धीमी प्रगति वाली एजेंसियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि अगली समीक्षा बैठक से पहले प्रत्येक लंबित योजना का कम से कम 50 प्रतिशत कार्य पूरा किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को नियमित रूप से योजनाओं का स्थल निरीक्षण करने तथा कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति की सतत निगरानी सुनिश्चित करने को कहा।
बिजुलिया तालाब सौंदर्यीकरण में तेजी लाने के निर्देश
समीक्षा के दौरान बिजुलिया तालाब सौंदर्यीकरण परियोजना की प्रगति पर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने संबंधित एजेंसी को कार्य में तेजी लाने का निर्देश देते हुए कहा कि इस परियोजना का उद्देश्य शहरवासियों को बेहतर नागरिक सुविधाएं और आकर्षक सार्वजनिक स्थल उपलब्ध कराना है। इसलिए कार्य गुणवत्तापूर्ण ढंग से निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
सदर अस्पताल में सीटी स्कैन सुविधा के लिए भवन निर्माण पर जोर
बैठक में सदर अस्पताल, रामगढ़ में सीटी स्कैन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए भवन प्रमंडल द्वारा कराए जा रहे निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाकर इसे शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि जिलेवासियों को जल्द आधुनिक स्वास्थ्य सुविधा का लाभ मिल सके।
शिलान्यास एवं उद्घाटन कार्यक्रमों का बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश
उपायुक्त ने विभिन्न कार्यकारी एजेंसियों को सप्ताह में एक दिन निर्धारित कर योजनाओं के शिलान्यास एवं उद्घाटन कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इन सभी कार्यक्रमों में जिले के जनप्रतिनिधियों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए, ताकि विकास कार्यों की जानकारी आम जनता तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।
निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप हो शिलापट्ट
बैठक के दौरान उपायुक्त ने योजनाओं में लगाए जाने वाले शिलापट्टों के संबंध में भी आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी शिलापट्टों पर अंकित विवरण एवं लिखावट निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप होनी चाहिए। शिलापट्ट तैयार कराने से पहले संबंधित अधिकारी उसकी पूरी तरह जांच अवश्य करें, ताकि किसी प्रकार की त्रुटि न रहे।
बैठक के अंत में उपायुक्त ने सभी विभागों एवं कार्यकारी एजेंसियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए विकास योजनाओं को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य जिले के लोगों को बेहतर बुनियादी एवं जनकल्याणकारी सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
बैठक में उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी, विभिन्न कार्यकारी एजेंसियों के प्रतिनिधि एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।