रामगढ़ (झारखंड) :आगामी मोहर्रम पर्व के शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण आयोजन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उपायुक्त श्री ऋतुराज की अध्यक्षता तथा पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत की उपस्थिति में समाहरणालय सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को मोहर्रम के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र के संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील स्थलों की पहचान कर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया। साथ ही लाइसेंसी एवं गैर-लाइसेंसी जुलूसों की सूची तैयार कर उनका भौतिक सत्यापन सुनिश्चित करने को कहा।
उपायुक्त एवं पुलिस अधीक्षक ने सभी दंडाधिकारियों तथा पुलिस पदाधिकारियों को संयुक्त रूप से संवेदनशील स्थलों का निरीक्षण करने और जुलूस मार्गों का सत्यापन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सभी जुलूस निर्धारित मार्ग से ही निकाले जाएं तथा इस पर थाना स्तर पर विशेष निगरानी रखी जाए।
बैठक में विद्युत विभाग को निर्देश दिया गया कि जुलूस मार्गों पर कहीं भी टूटे अथवा झूलते हुए बिजली के तार नहीं रहें। वहीं थाना प्रभारियों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि जुलूस मार्गों पर पेड़ों की शाखाएं अत्यधिक नीचे न हों और आवागमन में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो।
उपायुक्त ने संवेदनशील क्षेत्रों में आपत्तिजनक एवं भड़काऊ सामग्री पर विशेष नजर रखने तथा आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। साथ ही जुलूस में प्रयुक्त होने वाले वाहनों की फिटनेस और सुरक्षा मानकों की जांच सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक के दौरान सभी दंडाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में मोहर्रम समिति के सदस्यों के साथ समन्वय बैठक आयोजित करने तथा आपसी संवाद और सहयोग के माध्यम से पर्व को सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने का निर्देश दिया गया। संवेदनशील क्षेत्रों में संयुक्त फ्लैग मार्च आयोजित करने पर भी जोर दिया गया।
इसके अलावा सभी चौकीदारों को संवेदनशील स्थलों पर प्रतिनियुक्त कर नियमित रूप से स्थिति की जानकारी उपलब्ध कराने तथा अंचल अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में साफ-सफाई एवं अन्य मूलभूत व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुरूप की गई कार्रवाई का संयुक्त प्रतिवेदन 22 जून 2026 तक उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं पुलिस प्रशासन के पदाधिकारी उपस्थित थे।