रामगढ़, झारखंड: नईसराय चौक पर सड़क जाम के दौरान पुलिसकर्मियों पर कथित हमले और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने के मामले में रामगढ़ यातायात थाना में छह नामजद आरोपियों सहित 20 से 25 अज्ञात लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राथमिकी यातायात थाना में पदस्थापित सहायक अवर निरीक्षक (सअनि) शंकर कुमार के आवेदन पर दर्ज की गई है। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि 17 जून की शाम नईसराय चौक पर सड़क दुर्घटना के बाद उत्पन्न जाम की स्थिति के दौरान कुछ लोगों ने भीड़ को उकसाकर पुलिसकर्मियों पर हमला किया तथा विधि-व्यवस्था बनाए रखने में बाधा पहुंचाई।
पुलिस के अनुसार दुर्घटना में घायल एक व्यक्ति की अस्पताल में मौत हो जाने के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने शव के साथ सड़क जाम कर दिया था। इसी दौरान पुलिसकर्मी यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर तैनात थे।
दर्ज प्राथमिकी में चंदन, पप्पू, सलमान, गौतम, काशिब और फरीद को नामजद आरोपी बनाया गया है। इसके अलावा गोल्डन पानी वाले के दो पुत्रों सहित 20 से 25 अन्य अज्ञात लोगों पर भी घटना में शामिल होने का आरोप लगाया गया है।
आवेदन में कहा गया है कि कुछ लोगों ने भीड़ को पुलिस के खिलाफ भड़काया, जिसके बाद पुलिसकर्मियों पर पथराव किया गया। आरोप है कि हमले के दौरान एक पुलिस अधिकारी के सीने पर ईंट का टुकड़ा फेंका गया, जबकि दूसरे पुलिसकर्मी के पैर में चोट लगी। स्थिति बिगड़ने पर दोनों पुलिसकर्मियों ने पास की एक दुकान में शरण लेकर अपनी जान बचाई।
घटना के बाद घायल पुलिसकर्मियों का इलाज सदर अस्पताल में कराया गया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों और वीडियो फुटेज के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
ज्ञात हो कि आक्रोषित लोगों ने बुधवार को रात 11 बजे तक जाम लगाये रखा था। बाद में वाहन मालिक से 80 हजार रुपये देने व सरकारी मुआवजा दिलोने के समझौते पर जाम रात साढ़े 11 बजे हटाया गया था।