रामगढ़ (झारखंड) : रामगढ़ व्यवहार न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद जिला प्रशासन और पुलिस महकमा पूरी तरह सतर्क हो गया है। न्यायालय को बंगला भाषा में स्पीड पोस्ट के माध्यम से एक धमकी भरा पत्र भेजा गया है, जिसमें न्यायालय परिसर को विस्फोट से उड़ाने की साजिश का उल्लेख किया गया है। पत्र प्राप्त होते ही न्यायालय प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल रामगढ़ पुलिस को सूचना दी।
जानकारी के अनुसार, न्यायालय के एक कर्मचारी ने बंगला भाषा में लिखे गए पत्र का हिंदी में अनुवाद कर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश को अवगत कराया। इसके बाद सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया और न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई।
बताया जा रहा है कि स्पीड पोस्ट से भेजे गए इस पत्र के साथ प्रेषक ने अपना पता और आधार कार्ड की प्रति भी संलग्न की है। पुलिस अब पत्र, स्पीड पोस्ट की जानकारी तथा आधार कार्ड की सत्यता की जांच कर रही है ताकि पत्र भेजने वाले व्यक्ति की पहचान कर उसके उद्देश्य का पता लगाया जा सके।
रामगढ़ के पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पुलिस की विशेष टीम मामले की जांच में जुटी हुई है। न्यायालय प्रशासन भी पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और किसी भी तरह की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
गौरतलब है कि इससे पहले भी झारखंड समेत बिहार के कई व्यवहार न्यायालयों को बम से उड़ाने की धमकी मिल चुकी है। हाल ही में रांची व्यवहार न्यायालय को भी इसी प्रकार की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई थी। इसी क्रम में रामगढ़ व्यवहार न्यायालय को मिली धमकी को भी गंभीरता से लेते हुए पुलिस हर पहलू की गहन जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पत्र भेजने वाले व्यक्ति की पहचान और उसके पीछे की मंशा का पता लगाने के लिए तकनीकी एवं अन्य माध्यमों से जांच जारी है। फिलहाल न्यायालय परिसर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं और आने-जाने वाले लोगों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।