हजारीबाग, झारखंड : झारखंड के हजारीबाग जिले के बड़कागांव प्रखंड में प्रस्तावित अडानी गोंदलपुरा कोल ब्लॉक परियोजना को लेकर आयोजित जनसुनवाई का सोमवार को स्थानीय ग्रामीणों और विस्थापन विरोधी संगठनों ने जोरदार विरोध किया। प्लस टू हाई स्कूल, बड़कागांव में तय जनसुनवाई के खिलाफ ग्रामीणों ने विरोध मार्च निकालते हुए नारेबाजी की और कार्यक्रम को रद्द करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने इस दिन को “काला दिवस” के रूप में मनाने की घोषणा की। आक्रोशित ग्रामीणों ने जनसुनवाई स्थल पर पहुंचकर कुर्सियों और अन्य व्यवस्थाओं को नुकसान पहुंचाया, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
ग्रामीणों का कहना है कि भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर जनसुनवाई कराई जा रही है, जिससे आम लोगों की आवाज दबाई जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया में स्थानीय लोगों के संभावित विस्थापन और पर्यावरण पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों की अनदेखी की जा रही है।
आंदोलनकारियों का दावा है कि यह जनसुनवाई संवैधानिक भावना के अनुरूप नहीं है। उनके अनुसार, हजारों की संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी में होने वाली जनसुनवाई लोकतांत्रिक नहीं कही जा सकती। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि वे इस परियोजना को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं करेंगे और विरोध जारी रहेगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि गोंदलपुरा अडानी कोल ब्लॉक परियोजना से क्षेत्र के हजारों परिवारों के विस्थापन का खतरा है, साथ ही जल, जंगल और जमीन पर गंभीर असर पड़ेगा तथा पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचेगा।
ग्रामीणों और विस्थापन विरोधी संगठनों ने जिला प्रशासन से जनसुनवाई को तत्काल रद्द करने, ग्रामीणों की सहमति सुनिश्चित करने और उनके संवैधानिक अधिकारों का सम्मान करने की मांग की है। खबर लिखे जाने तक प्रशासन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।