रांची, झारखंड: झारखंड राज्य आंदोलन के अग्रणी योद्धा और पूर्व विधायक स्वर्गीय दुर्गा सोरेन की पुण्यतिथि के अवसर पर आज मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन समेत झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने लोवाडीह, नामकुम स्थित दुर्गा सोरेन स्मारक पर पहुंचकर श्रद्धा-सुमन अर्पित किए।
मुख्यमंत्री ने दुर्गा सोरेन की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया और कहा,
“दुर्गा सोरेन झारखंडी अस्मिता, अधिकार और संघर्ष की पहचान हैं। राज्य की नींव में उनके त्याग और बलिदान का अहम योगदान है।”
इस अवसर पर झामुमो कार्यकर्ताओं और नेताओं ने भी स्मारक स्थल पर एकत्र होकर उनके सपनों का झारखंड गढ़ने का संकल्प दोहराया।
🔹 स्मरण बन गया संकल्प
कार्यक्रम के दौरान झारखंड आंदोलन की स्मृतियों को साझा करते हुए वक्ताओं ने दुर्गा सोरेन को जन-आंदोलनों की प्रेरणा बताया। युवाओं से अपील की गई कि वे उनके विचारों को अपनाएं और राज्य के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं।
🔹 कौन थे दुर्गा सोरेन?
स्व. दुर्गा सोरेन झारखंड आंदोलन के एक प्रखर नेता और विचारधारा के सच्चे वाहक थे। उन्होंने आदिवासी, मूलवासी, गरीबों और किसानों के हक़ की लड़ाई में अपना जीवन समर्पित किया। वे न केवल झामुमो के संस्थापक नेताओं में से थे, बल्कि उन्होंने विधानसभा में भी आम जनता की आवाज को मजबूती से उठाया।
🔹 सोशल मीडिया पर भी दी जा रही श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन और झामुमो के अन्य नेताओं ने सोशल मीडिया पर भी श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके विचारों को साझा करते हुए युवाओं से उनसे प्रेरणा लेने की अपील की।
