पतरातू (रामगढ़): पीवीयूएनएल बिरसा मुंडा भवन परिसर में शनिवार सुबह एक दुखद घटना में ठेका मजदूर प्रभु महतो (35 वर्ष) की पेड़ से गिरकर मौत हो गई। मृतक बरतुआ गांव का निवासी था और यूनिक ट्रेडिंग एजेंसी के तहत लेबर सप्लाई के रूप में कार्यरत था।
घटना का विवरण
बताया गया कि प्रभु महतो शनिवार सुबह जामुन तोड़ने के लिए पेड़ पर चढ़ा था, इसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे गिर पड़ा। घायल अवस्था में पहले उसे पीवीयूएनएल के पीएसटीपीपी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ कथित रूप से इलाज नहीं किया गया। इसके बाद उसे पतरातू सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृतक के परिजनों की मांगें
मृतक के परिजनों और सैकड़ों ग्रामीणों ने शव को बिरसा मुंडा भवन परिसर के गेट के सामने रखकर धरना शुरू कर दिया। उन्होंने मृतक की पत्नी मीना देवी को नौकरी और ₹50 लाख का मुआवजा देने की मांग की है।
राजनीतिक और प्रशासनिक हस्तक्षेप
धरना स्थल पर बड़कागांव विधायक रोशन लाल चौधरी, पार्षद राजाराम प्रजापति, मुखिया किशोर कुमार महतो, जेएलकेएम नेता देवेंद्र महतो, भाजपा नेता राधेश्याम अग्रवाल, सतीश मिश्रा, योगेश दांगी सहित अन्य स्थानीय नेता पहुंचे और पीवीयूएनएल प्रबंधन से वार्ता की, लेकिन कोई ठोस निष्कर्ष नहीं निकल सका।
वहीं प्रशासन की ओर से पतरातू सीओ मनोज चौरसिया, बीडीओ मनोज गुप्ता, पतरातू इंस्पेक्टर सत्येंद्र कुमार सिंह, थाना प्रभारी शिवलाल गुप्ता और पीवीयूएनएल के कुछ अधिकारी मौके पर उपस्थित रहे।
अस्पताल व्यवस्था पर सवाल
मृतक के इलाज में लापरवाही को लेकर विधायक रोशन लाल चौधरी ने पीवीयूएनएल अस्पताल का निरीक्षण किया और चिकित्सकों से तीखे सवाल पूछे। उन्होंने अस्पताल में बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था की मांग की।
विधायक और ग्रामीणों की स्पष्ट बात
विधायक रोशन लाल चौधरी ने स्पष्ट कहा कि यह ऑन ड्यूटी हुई मौत है, और परिजनों को न्याय, मुआवजा और नौकरी मिलनी ही चाहिए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जाएंगी, आंदोलन जारी रहेगा।