जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम), झारखंड : ओलचिकी लिपि की स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जमशेदपुर के करनडीह क्षेत्र में आदिवासी समुदाय द्वारा एक विशेष समारोह का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम आगामी 29 दिसंबर को दिशोम जाहेर परिसर में आयोजित होगा, जिसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी।
राष्ट्रपति के प्रस्तावित दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने रविवार को संबंधित अधिकारियों के साथ कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उपायुक्त ने कार्यक्रम की सुचारू व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों की एक समन्वय समिति का गठन किया है, जो सुरक्षा, यातायात, साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं की निगरानी करेगी।
जानकारी के अनुसार, ओलचिकी लिपि के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में दिशोम जाहेर परिसर में एक सेमिनार का भी आयोजन किया जाएगा। इसके अतिरिक्त राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आदित्यपुर स्थित एनआईटी जमशेदपुर के 15वें दीक्षांत समारोह में भी शिरकत करेंगी।
स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सिविल सर्जन को निर्देश दिया गया है कि कार्यक्रम के दौरान दिशोम जाहेर परिसर के आसपास एंबुलेंस और प्राथमिक चिकित्सा की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। वहीं, यातायात व्यवस्था को दुरुस्त रखने की जिम्मेदारी ट्रैफिक डीएसपी को सौंपी गई है। राष्ट्रपति के आवागमन मार्ग पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था रहेगी, संबंधित मार्गों की इमारतों पर सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी और ड्रोन के माध्यम से निगरानी की जाएगी।
जिला कंट्रोल रूम को 29 दिसंबर को पूर्ण रूप से अलर्ट मोड में रहने तथा सीसीटीवी कैमरों के जरिए लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं।