रांची / रामगढ़ (झारखंड) : कोयला मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2024-25 के प्रदर्शन के आधार पर देशभर की कोयला खदानों की स्टार रेटिंग जारी कर दी है। रेटिंग में सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) की तीन खदानों को फाइव स्टार और चार खदानों को फोर स्टार रेटिंग प्राप्त हुई है।
सीसीएल वर्तमान में अपने कमांड क्षेत्र में 37 खदानों का संचालन कर रहा है। जारी रेटिंग के अनुसार, 3 खदानों को फाइव स्टार, 4 को फोर स्टार, 12 को थ्री स्टार, 10 को टू स्टार और 3 खदानों को वन स्टार रेटिंग दी गई है, जबकि 4 खदानों को कोई रेटिंग नहीं मिली। अंडरग्राउंड खदानों में भी दो को फोर स्टार और एक को थ्री स्टार रेटिंग प्रदान की गई है।
देशभर में 382 कोयला खदानों की रेटिंग जारी की गई है। इनमें 50 खदानों को फाइव स्टार, 120 को फोर स्टार, 112 को थ्री स्टार, 42 को टू स्टार और 17 को वन स्टार रेटिंग मिली है, जबकि 47 खदानें रेटिंग सूची से बाहर रहीं।
ऐसे तय होती है स्टार रेटिंग
कोयला मंत्रालय के अनुसार:
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90 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाली खदानों को फाइव स्टार रेटिंग दी जाती है।
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80 से 90 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाली खदानों को फोर स्टार रेटिंग प्रदान की जाती है।
सीसीएल की फोर स्टार रेटिंग प्राप्त खदानें
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चुरी
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ढोरी खास
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भुरकुंडा
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गिद्दी-सी
थ्री स्टार रेटिंग प्राप्त खदानें
पुरनाडीह, परेज ईस्ट, गिद्दी-ए, तापिन साउथ, जरंगडीह, केडीएच, रजरप्पा, रेलीगढ़ा, एएडीओसीएम, तोपा आरओ, उरीमारी और केदला।
टू स्टार रेटिंग प्राप्त खदानें
कथारा, डकरा ओपीसी, कारो एक्सपेंशन, गोविंदपुर फेज-2, झारखंड ओसी, रोहिणी ओसीपी, सयाल-डी और सिरका ओसीपी।
वन स्टार रेटिंग प्राप्त खदानें
सारूबेड़ा, कोनार एक्सपेंशन और बोकारो ओपीसी।
वहीं मगध, कबरीबाद, करमा ओसीपी और सेलेक्टेड ढोरी को इस बार रेटिंग श्रेणी में शामिल नहीं किया गया।