रामगढ़ (झारखंड) : सिविल न्यायालय रामगढ़ के सरकारी अधिवक्ता संजीव कुमार अंबष्ठा ने झारखंड में झारखंड फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (JFTI) की स्थापना की घोषणा पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने इसे राज्य के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और रचनात्मक उद्योगों के विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं दूरदर्शी पहल बताया।
श्री अंबष्ठा ने कहा कि झारखंड सरकार द्वारा कोलकाता के सत्यजीत रे फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (SRFTI) के सहयोग से रांची में JFTI की स्थापना किए जाने से राज्य के युवाओं को अब फिल्म निर्माण, निर्देशन, सिनेमैटोग्राफी, एडिटिंग, एनीमेशन, पटकथा लेखन, साउंड डिजाइन तथा डिजिटल मीडिया जैसे क्षेत्रों में अपने ही राज्य में उच्चस्तरीय शिक्षा एवं प्रशिक्षण प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।
उन्होंने कहा कि अब झारखंड के विद्यार्थियों को फिल्म शिक्षा के लिए दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा। इससे युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे तथा वे सिनेमा, टेलीविजन, ओटीटी और डिजिटल मीडिया जैसे तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्रों में अपना सफल करियर बना सकेंगे।
श्री अंबष्ठा ने कहा कि झारखंड अपनी समृद्ध आदिवासी संस्कृति, लोक परंपराओं, लोक संगीत, नृत्य, प्राकृतिक सौंदर्य, जंगलों, पहाड़ों और झरनों के लिए पूरे देश में विशिष्ट पहचान रखता है। JFTI की स्थापना से राज्य की संस्कृति, भाषा, इतिहास और परंपराओं को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा। साथ ही झारखंड की पृष्ठभूमि पर आधारित फिल्मों और डॉक्यूमेंट्री के निर्माण को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस संस्थान की स्थापना से झारखंड में फिल्म शूटिंग, पर्यटन, निवेश तथा फिल्म उद्योग से जुड़े अन्य क्षेत्रों का भी विस्तार होगा। इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और विकास को नई गति प्राप्त होगी।
अंत में श्री संजीव कुमार अंबष्ठा ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में उठाया गया यह कदम आने वाले वर्षों में झारखंड को देश के प्रमुख फिल्म एवं मीडिया शिक्षा केंद्रों में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने मुख्यमंत्री एवं राज्य सरकार को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए पुनः हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।