अनुमान लगाया जा रहा है बालू, ट्रांसपोर्टिंग और जमीन कारोबार से जुड़े दस्तावेजों की जांच के लिए हुई छापेमारी
बड़कागांव (हजारीबाग, झारखंड): हजारीबाग जिले के बड़कागांव क्षेत्र में शुक्रवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीम ने पूर्व विधायक अंबा प्रसाद समेत चार लोगों के परिसरों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई सुबह लगभग 6 बजे शुरू हुई और शाम 4:15 बजे तक चली। ईडी के अधिकारियों ने मीडिया को कुछ भी जानकारी छापामारी को लेकर नहीं दी।
छापेमारी मुख्य रूप से बड़कागांव स्थित अंबा प्रसाद के समाधान भवन, मंटू सोनी के आवास, शिबाडीह निवासी आजसू पार्टी के प्रखंड सचिव मनोज दांगी तथा पंचम कुमार के आवास पर की गई।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई आरकेटीसी (RKTC) ट्रांसपोर्टिंग, बालू खनन तथा जमीन से जुड़े दस्तावेजों की जांच को लेकर की गई। बताया जा रहा है कि ईडी की टीम ने संबंधित ठिकानों पर करीब 8 से 10 घंटे तक गहन तलाशी ली।
सुबह 5 बजे से ही सक्रिय थी ईडी टीम
स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व विधायक अंबा प्रसाद के समाधान भवन के आसपास सुबह 5 बजे से ही कुछ अधिकारी घूमते देखे गए थे। इनोवा वाहन को समाधान भवन से करीब 100 मीटर दूर पीपल के पेड़ के पास खड़ा कर, अधिकारी पैदल ही आस-पास का जायज़ा ले रहे थे। लगभग 6 बजे 20-22 अधिकारियों की टीम ने एक साथ छापेमारी शुरू की।
घटना की जानकारी मिलने पर अंबा प्रसाद की माता एवं पूर्व विधायक निर्मला देवी सुबह 7 बजे समाधान भवन पहुंचीं ईडी टीम के जाने तक मौजूद रहीं।
ईडी की इस कार्रवाई से पूरे बड़कागांव क्षेत्र में चर्चा का बाजार गर्म रहा।
भाई के सीए के परिसरों पर छापेमारी
कोल ट्रांसपोर्टेशन और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को बड़कागांव की पूर्व विधायक अंबा प्रसाद, उनके तीन नजदीकी सहयोगियों और उनके भाई के चार्टर्ड अकाउंटेंट बादल गोयल के आवास और कार्यालय में एक साथ छापेमारी की।ईडी की यह छापेमारी सुबह लगभग 6 बजे शुरू हुई और देर शाम तक चली। सूत्रों के अनुसार, बादल गोयल पूर्व विधायक के भाई सुमित कुमार के अधिकृत सीए हैं और उनके आर्थिक लेन-देन तथा बही-खातों का प्रबंधन करते हैं। ईडी को संदेह है कि इन्हीं खातों के माध्यम से मनी लॉन्ड्रिंग की प्रक्रिया को अंजाम दिया गया है।