रामगढ, झारखंड :श्री कृष्ण विद्या मंदिर रामगढ़ का प्रांगण शनिवार 06 दिसंबर 2025 उत्साह, ऊर्जा और अद्वितीय खेल भावना से ओतप्रोत रहा। मौका था ‘ अंतर विद्यालय वॉलीबॉल प्रतियोगिता’ का, जिसका आयोजन विद्यालय में अत्यंत गरिमामय ढंग से किया गया। इस विराट आयोजन में कुल 7 प्रतिष्ठित विद्यालयों ने प्रतिभाग किया।
आयोजन की गरिमा तब और बढ़ गई जब विद्यालय के संस्थापक सदस्य एवं श्रीकृष्ण विकास संस्थान के पूर्व सचिव हनुमान प्रसाद गुप्ता जी मुख्य अतिथि के रूप में पधारे। विशिष्ट अतिथि के रूप में विद्यालय प्रबंधन के अध्यक्ष आनंद अग्रवाल (अधिवक्ता) उपस्थित थे। साथ ही विद्यालय के वरिष्ठ सदस्य महावीर अग्रवाल, प्राचार्य एम कृष्णा चंद्रा एवं विद्यालय के प्रशासक एस पी सिन्हा मंच पर मौजूद थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक ‘ दीप प्रज्वलन’ से हुआ। तत्पश्चात विद्यार्थियों ने सुमधुर स्वागत गीत प्रस्तुत कर सभी अतिथियों एवं आगंतुकों का हृदय से अभिनंदन किया। कक्षा तीसरी और चौथी के बच्चों ने अत्यंत आकर्षक और तालबद्ध ड्रिल प्रस्तुति दी। वहीं दूसरी ओर सभी प्रतिभागी टीमों ने अत्यंत अनुशासित, ऊर्जावान और गर्वपूर्ण मार्च पास्ट किया। उनकी कदमताल में खेल भावना और प्रतिस्पर्धा की ज्वाला स्पष्ट झलक रही थी। प्रतियोगिता का शुभारंभ मुख्य अतिथि हनुमान प्रसाद गुप्ता के आशीर्वचन के साथ हुआ, जिसमें उन्होंने भावनाओं, स्मृतियों और गर्व का समन्वय बारीकी से पिरोया। उन्होंने कहा – ‘ जिस शिशु रूपी बीज को मैंने कभी अटल विश्वास के साथ रोपा था आज वही विद्यालय एक सुदृढ़ नवयुवक वट वृक्ष की भांति सर्वत्र ज्ञान, संस्कार और सफलता की छाया समस्त क्षेत्र पर विस्तारित कर रहा है।’ वहीं दूसरी ओर विशिष्ट अतिथि आनंद अग्रवाल (अधिवक्ता) ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा – ‘खेल केवल शारीरिक शक्ति का मापदंड नहीं, बल्कि मानसिक दृढ़ता, निर्णय क्षमता और अनुशासन का उत्कृष्ट संयोग है। मुझे अत्यंत प्रसन्नता है कि विद्यार्थी इन सभी गुणों का अद्भुत प्रदर्शन कर रहे हैं। मेरी शुभकामनाएं है कि यह बच्चे जिला, राज्य ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी अपने परचम लहराए।
इन प्रेरक संबोधनों के पश्चात वॉलीबॉल प्रतियोगिता की रोमांचक श्रृंखला आरंभ हुई। मैदान पर खिलाड़ियों और दर्शकों का उत्साह देखने योग्य था। माहौल को और जीवंत और ऊर्जामय बनाने में गणित शिक्षक अमित सिंह की शानदार, धारदार और मनोरंजक कमेंट्री ने पूरे कार्यक्रम को एक खेल महोत्सव का स्वरूप प्रदान कर दिया। अद्वितीय रणनीतियां, जबर्दस्त तालमेल और हर अंग के लिए खिलाड़ियों का संघर्ष ने इस श्रृंखला को एक नई ऊंचाई प्रदान की। कड़े मुकाबले की श्रृंखला के बाद टीम फाइनल में पहुंची जिसमें सामने थी ओंकार मिशन विद्यालय की टीम, जहां अंततः श्री कृष्ण विद्या मंदिर की टीम ने अदम्य साहस, मानसिक दृढ़ता और उच्च स्तरीय खेल – कौशल के साथ प्रतियोगिता को जीतकर विजय ध्वज लहराया। खेल शिक्षक मनोरंजन चौधरी के प्रभावशाली मार्गदर्शन में टीम ने आत्मविश्वास और तकनीकी दक्षता का परिचय देते हुए ट्रॉफी अपने नाम किया। अपराह्न में आयोजित इस समापन समारोह में विद्यालय प्रबंध समिति के सचिव विमल किशोर जाजू ने उपस्थित होकर सभी विजेताओं एवं उपविजेताओं को को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया।इस विजय दहाड़ से विद्यालय परिवार में जश्न का माहौल है।
कार्यक्रम की सफलता में प्रत्येक शिक्षक, कर्मचारी, खेल विभाग, तकनीकी दल और सहयोगी समितियों का योगदान प्रशंसनीय रहा। उनके अथक प्रयासों और उत्कृष्ट व्यवस्थाओं ने संपूर्ण आयोजन को अत्यंत सुव्यवस्थित और अविस्मरणीय बना दिया। कार्यक्रम का समापन प्राचार्य के प्रोत्साहनपूर्ण शब्दों के साथ हुआ।
ऐसे आयोजनों से इस बात की पुष्टि होती है कि श्रीकृष्ण विद्या मंदिर केवल शिक्षा का ही नहीं बल्कि उत्कृष्ट खेल संस्कृति और व्यक्तित्व निर्माण का भी सशक्त केंद्र है जहां प्रतिभाएं निखरती हैं सपने पंख पाते हैं और भविष्य स्वयं आलोकित होता है।